नमस्कार 🙏 हमारे न्यूज पोर्टल - मे आपका स्वागत हैं ,यहाँ आपको हमेशा ताजा खबरों से रूबरू कराया जाएगा , खबर ओर विज्ञापन के लिए संपर्क करे +91 81090 62404 , +91 81090 62404 ,हमारे यूट्यूब चैनल को सबस्क्राइब करें, साथ मे हमारे फेसबुक को लाइक जरूर करें , प्राथमिक उपचार केंद्र में प्राथमिक उपचार भी मुहैया नहीं। उसके बावजूद भी सरकार के लाख दावे। – DB News – Danger Bharat News

लाइव कैलेंडर

February 2026
M T W T F S S
« Jan    
 1
2345678
9101112131415
16171819202122
232425262728  

LIVE FM सुनें

DB News – Danger Bharat News

www.dangerbharatnews.com

प्राथमिक उपचार केंद्र में प्राथमिक उपचार भी मुहैया नहीं। उसके बावजूद भी सरकार के लाख दावे।

1 min read
😊 कृपया इस न्यूज को शेयर करें😊

प्राथमिक उपचार केंद्र में प्राथमिक उपचार भी मुहैया नहीं। उसके बावजूद भी सरकार के लाख दावे।

दमोह जिला हटा ब्लॉक अंतर्गत आने वाले रनेह गांव में स्वास्थ व्यवस्थाओं को लेकर भले ही मध्य प्रदेश सरकार तमाम दावे करती आ रही है लेकिन सरकार के सभी दावों की पोल खुलती नजर आती है जब देर रात अगर कोई मरीज इमरजेंसी में इस प्राथमिक उपचार केंद्र में आता है तो उसे प्राथमिक उपचार नहीं मिलता जब कोई व्यक्ति इमरजेंसी में जाता है तो उन्हें घंटो लग जाते हैं इलाज मिलने में और जब डॉक्टर मरीज को देखते हैं तो उसे बाहर रेफर कर देते है।

अगर प्राथमिक उपचार केंद्र नहीं होता तो इमरजेंसी में आने वाले मरीज कम से कम अपने ही ग्राम में बने प्राथमिक उपचार केंद्र में अपना समय खराब नहीं करते और बच्ची को सीधे ही ब्लॉक स्तर में जो बड़ी अस्पताल है वहां या सीधा दमोह जिला भी ला सकते थे। या तो इन प्राथमिक उपचार केंद्र में लिख देना चाहिए कि यहां पर यह सेवाएं मुहैया नहीं है ताकि इमरजेंसी के दौरान अपना महत्वपूर्ण समय खराब ना करें जिससे किसी की भी मरीज की जान ना जा सके नहीं तो ऐसे में इमरजेंसी के वक्त लोग अपना यूं ही समय खराब करते रहेंगे और ऐसे में लोग अपनी जान गंवाते रहेंगे।

रनेह स्वास्थ्य व्यवस्थाओं की वजह से हमेशा ही सुर्खियों में बना रहता है।

लेकिन, जमीन पर इसकी हकीकत बेहद निंदनीय है। आलम ये है कि एक 7 वर्षीय बच्चे को बिच्छू ने काटा उनके परिजन हॉस्पिटल ले गए वहां पर जाने के बाद डॉक्टर नहीं थे वही नाइट ड्यूटी मैं पदस्थ नर्स का कहना था कि डॉक्टर नहीं है इनके लिए हटा ले जाओ वही उनके परिजनों ने बोला नर्स से मैम प्राथमिक उपचार कर दो मेरी बच्ची तड़प रही है तो वहां पर मैडम ने परिजनों को अस्पताल से बाहर निकाल दिया बोला मैं कुछ नहीं कर सकती डॉक्टर नहीं है इसलिए आप हटा ले जाओ और प्राइवेट डॉक्टर को दिखाओ । मैडम का कहना था कि यहां पर सिर्फ डिलीवरी हो सकती है नाइट में डॉक्टर नहीं है 7 वर्षीय बच्ची अंशिका कडेरा उनकी मम्मी रुकमणी कडेरा मामा नितिन कड़ेरा का कहना है रनेह प्राथमिक उपचार केंद्र में हमारी बच्ची को कोई भी प्राथमिक सुविधा का लाभ नहीं मिला जिससे हमारी बच्ची घंटों तड़पती रही

Whatsapp बटन दबा कर इस न्यूज को शेयर जरूर करें 

Advertising Space


स्वतंत्र और सच्ची पत्रकारिता के लिए ज़रूरी है कि वो कॉरपोरेट और राजनैतिक नियंत्रण से मुक्त हो। ऐसा तभी संभव है जब जनता आगे आए और सहयोग करे.

Donate Now