नागरिक आपूर्ति निगम द्वारा धान खरीदी के साथ साथ ईट खरीदी गई। धान पहुंची सरकारी बेयर हाउस कॉर्पोरेशन में तो ईट पहुंची सरकारी अधिकारियों के जेब में। आइए जाने क्या है पूरा मामला डेंजर भारत प्रमुख तनुज पाराशर
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नागरिक आपूर्ति निगम द्वारा धान खरीदी के साथ साथ ईट खरीदी गई। धान पहुंची सरकारी बेयर हाउस कॉर्पोरेशन में तो ईट पहुंची सरकारी अधिकारियों के जेब में। आइए जाने क्या है पूरा मामला डेंजर भारत प्रमुख तनुज पाराशर
मध्य प्रदेश जिला दमोह के ग्राम हटा कृषि उपज मंडी परिसर में नागरिक आपूर्ति निगम द्वारा धान खरीदी के दौरान जनवरी में अस्थायी फड़ बनाने खरीदी गई ईटों के अवैध रूप से बिक्री करने का मामला सामने आया है।

मंडी परिसर में पिछले 10 माह से रखी ईट के खरीद्दार जब ट्रेक्टर ट्रॉली लेकर मंडी पहुंचने लगे,एक एक ट्रॉली में दो दो हज़ार ईटें लोग लेकर जाने लगे तब मंडी में ही कानाफूसी चालू हो गयी और बात मंडी के प्रशासक एस डी एम अभिषेक सिंह ठाकुर तक पहुँच गई।प्राप्त जानकारी के अनुसार बाजार में ईंटो का भाव 4 हज़ार रूपये हज़ार है जब मंडी प्रांगड़ से ढाई हजार रुपये हज़ार रुपये के हिसाब बाजार में बिकने आयी तो ईटें बिक्रेताओं में बबाल मच गया।भाजपा मंडल अध्यक्ष पंडित मनीष पलया और भाजपा कार्यकर्त्ता मंडी पंहुंचे तो उन्हें सिंघई इंफ्रास्ट्रक्टर के द्वारा लिखा गया पत्र दिखाया गया जिसमें वेयर हाउसिंग कारपोरेशन के एस ई कार्यालय से जारी पत्र दिखाया गया जिसमे कृषि उपज मंडी की भूमि रिक्त करने के निर्देश दिए गये है दिखाए गए पत्रों में कहीं भी ईटों का बिक्रय करने या ठेकेदार को उठाने की अनुमति नहीं दी गयी है ,इस जगह खाली करने के पत्र के आधार पर ही कृषिउपज मंडी प्रांगड़ में रखी ईटों का धड़ल्ले से बिक्रय कर दिया गया,इस संबंध में कृषि उपज मंडी के लेखापाल संजीव पटैरया कहना है कि वेयर हाउस का कर्मचारी ही ईटें बेच रहा है जबकि कर्मचारी के द्वारा लेखपाल का नाम लिया गया है।

यह वह कागज है जो ठेकेदार के द्वारा दिए गए हैं पर इसमें किसी भी प्रकार का उल्लेख नहीं है कि आप उन ईटा को खरीदी या बेच सकते है संजीव पटेरिया लेखापाल की भूमिका संदिग्ध है जबकि
संजीव पटेरिया ने भी ईट खरीद फरोख्त की है जबकि वो लेखपाल है मंडी के प्रशासक एस डी एम अभिषेक सिंह ठाकुर का कहना है कि उन्हें इस बिषय में जानकारी नही है कार्यदिवस में नागरिक आपूर्ति निगम के दमोहः के अधिकारियो से चर्चा कर बताएंगे।
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