नमस्कार 🙏 हमारे न्यूज पोर्टल - मे आपका स्वागत हैं ,यहाँ आपको हमेशा ताजा खबरों से रूबरू कराया जाएगा , खबर ओर विज्ञापन के लिए संपर्क करे +91 81090 62404 , +91 81090 62404 ,हमारे यूट्यूब चैनल को सबस्क्राइब करें, साथ मे हमारे फेसबुक को लाइक जरूर करें , दमोह बना अवैध शराब का अड्डा! जनता कर रही शिकायतें — आबकारी विभाग सिर्फ खाना पूर्ति में जुटा? – DB News – Danger Bharat News

लाइव कैलेंडर

May 2026
M T W T F S S
« Apr    
 123
45678910
11121314151617
18192021222324
25262728293031

LIVE FM सुनें

DB News – Danger Bharat News

www.dangerbharatnews.com

दमोह बना अवैध शराब का अड्डा! जनता कर रही शिकायतें — आबकारी विभाग सिर्फ खाना पूर्ति में जुटा?

1 min read
😊 कृपया इस न्यूज को शेयर करें😊

दमोह बना अवैध शराब का अड्डा!
जनता कर रही शिकायतें — आबकारी विभाग सिर्फ खाना पूर्ति में जुटा?

दमोह — एक ओर सरकार नशामुक्ति के अभियान चला रही है, दूसरी ओर दमोह जिला अवैध शराब की तस्करी का गढ़ बनता जा रहा है। हालात ये हैं कि अब कलेक्टर और एसपी के सामने लोग खुलकर शिकायतें करने लगे हैं, लेकिन प्रशासन की कार्रवाई सिर्फ “प्रेस नोट” तक ही सिमट गई है।

📍ग्राम किशुनगंज — हाल ही में गंगा जल संवर्धन अभियान के तहत बावड़ी सफाई कार्यक्रम में पहुंचे कलेक्टर सुधीर कुमार कोचर से महिलाओं ने खुलेआम बिक रही अवैध शराब की शिकायत की। यह कोई एकल मामला नहीं है।

📲 सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो बताते हैं कि:

ग्राम बांसा में खुलेआम बिक रही है शराब।

दमोह किल्लाई नाका विद्युत ऑफिस के पास चल रही अवैध बिक्री।


➡️ इसके बावजूद आबकारी विभाग की कार्रवाई महज दिखावा बनकर रह गई है। एक-दो लोगों पर मामूली केस दर्ज कर, विभाग प्रेस विज्ञप्ति में “30 पाव शराब जब्त” लिखकर अपनी पीठ थपथपा लेता है।

🔎 प्रश्न उठता है — जब जनता परेशान होकर खुद कलेक्टर-एसपी से शिकायत कर रही है, और वीडियो सामने हैं, तो आबकारी विभाग को सिर्फ 15-15 पाव शराब ही क्यों मिलती है?
क्या ये महज़ संयोग है — या फिर मिलीभगत?

👮 सोमवार को की गई कार्रवाई:
ग्राम किशुनगंज में दिलीप लडिया और परसू अहिरवार के पास से 30 पाव देशी शराब बरामद — दो मामूली प्रकरण दर्ज।
धारा: मध्यप्रदेश आबकारी अधिनियम 1915 की धारा 34(1)(क)

🎙️ अब जनता पूछ रही है:

क्या दमोह में अवैध शराब बेचने वालों को राजनीतिक या प्रशासनिक संरक्षण प्राप्त है?

बार-बार शिकायतों के बावजूद सख्त कार्रवाई क्यों नहीं?

क्या विभाग सिर्फ रिपोर्ट दिखाने के लिए काम कर रहा है?

📌 समाप्त नहीं हो रहा सवालों का सिलसिला —
दमोह में कानून व्यवस्था पर उठ रहे हैं गंभीर सवाल…

Whatsapp बटन दबा कर इस न्यूज को शेयर जरूर करें 

Advertising Space


स्वतंत्र और सच्ची पत्रकारिता के लिए ज़रूरी है कि वो कॉरपोरेट और राजनैतिक नियंत्रण से मुक्त हो। ऐसा तभी संभव है जब जनता आगे आए और सहयोग करे.

Donate Now