नमस्कार 🙏 हमारे न्यूज पोर्टल - मे आपका स्वागत हैं ,यहाँ आपको हमेशा ताजा खबरों से रूबरू कराया जाएगा , खबर ओर विज्ञापन के लिए संपर्क करे +91 81090 62404 , +91 81090 62404 ,हमारे यूट्यूब चैनल को सबस्क्राइब करें, साथ मे हमारे फेसबुक को लाइक जरूर करें , आजादी के बाद देश में पहली बार किसी महिला को मिलेगी फांसी! डेंजर भारत प्रमुख तनुज पाराशर – DB News – Danger Bharat News

लाइव कैलेंडर

May 2026
M T W T F S S
« Apr    
 123
45678910
11121314151617
18192021222324
25262728293031

LIVE FM सुनें

DB News – Danger Bharat News

www.dangerbharatnews.com

आजादी के बाद देश में पहली बार किसी महिला को मिलेगी फांसी! डेंजर भारत प्रमुख तनुज पाराशर

1 min read
😊 कृपया इस न्यूज को शेयर करें😊

भारत को आजादी मिलने के बाद देश में पहली बार किसी महिला को उसके आपराधिक गतिविधि मैं लिफ्ट पाए जाने के लिए फांसी की सजा दी जाएगी. इसके लिए मथुरा की जेल में तैयारियां भी शुरू हो गई हैं. अमरोहा की रहने वाली शबनम को मौत की सजा दी जाएगी. निर्भया के दोषियों को फंदे से लटकाने वाले पवन जल्लाद दो बार फांसी घर का निरीक्षण भी कर चुके हैं!

इस मामले अमरोहा कोर्ट में दो साल तीन महीने तक सुनवाई चली थी. जिसके बाद 15 जुलाई 2010 को जिला जज एसएए हुसैनी ने शबनम और सलीम को तब तक फांसी के फंदे पर लटकाया जाए तब तक उनका दम न निकल जाए का फैसला सुनाया!

यह मामला साल 2008 का है जब अमरोहा की रहने वाली शबनम महिला ने अप्रैल महीने में प्रेमी के साथ मिलकर अपने ही सात परिजनों की कुल्हाड़ी से काटकर बेरहमी से हत्या कर दी थी. इस मामले में निचली अदालत से लेकर सुप्रीम कोर्ट तक ने उसकी फांसी की सजा को बरकरार रखा है!

इसके बाद शबनम ने राष्ट्रपति से दया की गुहार लगाई लेकिन अब राष्ट्रपति भवन ने भी उसकी दया याचिका को खारिज कर दी है यही वजह है कि आजाद भारत के इतिहास में शबनम पहली ऐसी महिला होगी जिसे फांसी की सजा दी जाएगी!

शबनम की फांसी के लिए पवन जल्लाद दो बार फांसीघर का निरीक्षण कर चुके हैं. उन्हे तख्ते के लीवर में जो कमी दिखी उसे जेल प्रशासन ने ठीक करवा दिया गया है. फांसी देने के लिए बिहार के बक्सर से रस्सी मंगवाई जा रही है ताकि कोई अड़चन ना आए

Whatsapp बटन दबा कर इस न्यूज को शेयर जरूर करें 

Advertising Space


स्वतंत्र और सच्ची पत्रकारिता के लिए ज़रूरी है कि वो कॉरपोरेट और राजनैतिक नियंत्रण से मुक्त हो। ऐसा तभी संभव है जब जनता आगे आए और सहयोग करे.

Donate Now